10086
सोचता हूँ तेरी,
तस्वीर दिखा दूँ उसको;
रौशनीने कभी,
साया नहीं देखा अपना…
इक़बाल अशहर
10087
आज
फिर की थी,
मैने
मोहब्बतसे तौबा,
आज
फिर तेरी तस्वीर देखकर,
नीयत
बदल गई !
10088
कुछ ऐसा अंदाज़ हैं,
उनकी हर अदामें,
के तस्वीर भी देखूँ तो,
खुशी आ जाती हैं चेहरेपें….!!!
10090
सुनो मुझे अपनी,
दूसरी तस्वीर दे दो,
पुरानी आँसुओंसे,
धुल गई हैं..!!
कुछ ऐसा अंदाज़ हैं,
उनकी हर अदामें,
के तस्वीर भी देखूँ तो,
खुशी आ जाती हैं चेहरेपें….!!!
10089
उस
तस्वीरका एक हिस्सा,
खो
गया मुझसे,
जिस
तस्वीरमें,
तेरा
हाथ था मेरे हाथमें !
10090
सुनो मुझे अपनी,
दूसरी तस्वीर दे दो,
पुरानी आँसुओंसे,
धुल गई हैं..!!